आपदा प्रबंधन में यूकाडा की बड़ी पहल: 8 हेली कंपनियां देंगी 80 घंटे की मुफ्त उड़ान सेवा
देहरादून l आगामी मानसून सीजन को देखते हुए उत्तराखंड में आपदा प्रबंधन को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए उत्तराखंड नागरिक उड्डयन विकास प्राधिकरण (यूकाडा) ने एक अहम कदम उठाया है। चारधाम यात्रा में संचालित प्रत्येक हेली कंपनी द्वारा यूकाडा को 10-10 घंटे के निःशुल्क फ्लाइंग ऑवर उपलब्ध कराए जा रहे हैं, जिनका उपयोग राहत एवं बचाव कार्यों में किया जाएगा।

वर्तमान में आठ हेली कंपनियों द्वारा कुल 80 घंटे के मुफ्त फ्लाइंग ऑवर दिए गए हैं। इनका उपयोग मेडिकल इमरजेंसी, एयर रेस्क्यू और दुर्गम क्षेत्रों में राहत सामग्री पहुंचाने के लिए किया जा रहा है। अप्रैल माह से अब तक 100 से अधिक श्रद्धालुओं और जरूरतमंद लोगों को एयरलिफ्ट कर सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया जा चुका है। वहीं, पिछले एक वर्ष में 200 से अधिक लोगों को विभिन्न आपदा और रेस्क्यू अभियानों के दौरान सफलतापूर्वक बचाया गया है।
पर्वतीय क्षेत्रों में भूस्खलन, बादल फटना और अतिवृष्टि जैसी आपदाओं के दौरान हेलीकॉप्टर सेवाएं राहत कार्यों की जीवनरेखा साबित होती हैं। मानसून के दौरान इन निःशुल्क उड़ान घंटों का उपयोग कर प्रशासन तेजी से प्रभावित क्षेत्रों तक पहुंच सकेगा, जिससे राहत कार्यों की गति और प्रभावशीलता दोनों में वृद्धि होगी।
आपदा प्रबंधन व्यवस्था को स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। यह मॉडल भविष्य में अन्य राज्यों के लिए भी प्रेरणा बन सकता है।
यूकाडा के मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने बताया कि हेली कंपनियों के चयन के दौरान ही टेंडर प्रक्रिया में 10 घंटे के मुफ्त फ्लाइंग ऑवर का प्रावधान रखा गया था। इसका उद्देश्य आपातकालीन स्थितियों में त्वरित हवाई सहायता उपलब्ध कराना है।
वहीं, यूकाडा के हेड ऑफ ऑपरेशन अमित शर्मा ने जानकारी दी कि चारधाम यात्रा के दौरान बीमार या आपात स्थिति में फंसे श्रद्धालुओं को हेलीकॉप्टर के जरिए अस्पतालों तक पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि इस वर्ष केदारनाथ क्षेत्र से ही 100 से अधिक लोगों को मेडिकल इमरजेंसी के तहत एयर रेस्क्यू सुविधा दी जा चुकी है।



