उत्तराखंड: मंत्री रेखा आर्य ने पति पर लगाए गंभीर आरोप, कैंट थाने में FIR दर्ज; हत्या की साजिश का भी दावा
पहली शादी छिपाने, मारपीट, जातिसूचक शब्दों के इस्तेमाल और फर्जी हस्ताक्षर से कंपनी के निदेशक पद से हटाने का आरोप; पुलिस ने शुरू की जांच
देहरादून। उत्तराखंड की कैबिनेट मंत्री रेखा आर्य का सोशल मीडिया पर सामने आया भावुक वीडियो प्रदेश की राजनीति में बड़े सवाल खड़े कर रहा है। वीडियो में मंत्री रोते हुए अपनी पीड़ा बयां करती नजर आ रही हैं। उन्होंने अपने पति गिरधारी लाल साहू से जान का खतरा होने की आशंका जताई है।
कैबिनेट मंत्री रेखा आर्य ने अपने पति गिरधारी लाल साहू के खिलाफ गंभीर आरोप लगाते हुए देहरादून के कैंट थाने में शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। मंत्री ने अपने पति पर पहली शादी की बात छिपाने, मारपीट करने, जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल करने, दस्तावेजों में कथित जालसाजी और जान से मारने की साजिश रचने जैसे आरोप लगाए हैं।
उत्तराखंड की कैबिनेट मंत्री रेखा आर्य ने अपने पति गिरधारी लाल साहू के खिलाफ गंभीर आरोप लगाते हुए देहरादून के कैंट थाने में शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। मंत्री ने अपने पति पर पहली शादी की बात छिपाने, मारपीट करने, जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल करने, दस्तावेजों में कथित जालसाजी और जान से मारने की साजिश रचने जैसे आरोप लगाए हैं।
मंत्री की शिकायत के मुताबिक, मामले में कथित घटनाओं से जुड़े दस्तावेज और एक ऑडियो भी महत्वपूर्ण साक्ष्य हो सकते हैं। हालांकि, शिकायत में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि होना अभी बाकी है। पुलिस जांच के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
पहली शादी की बात छिपाने का आरोप
रेखा आर्य ने अपनी शिकायत में बताया है कि उनका विवाह वर्ष 2004 में बरेली निवासी गिरधारी लाल साहू से हुआ था। उनका आरोप है कि विवाह के समय साहू ने अपनी पहली शादी की जानकारी उनसे छिपाई थी। शिकायत के अनुसार, उनके पति की पहली शादी से भी बच्चे थे।
मंत्री का कहना है कि जब उन्हें इस संबंध में जानकारी मिली, तब तक उनके भी बच्चे हो चुके थे। उन्होंने सामाजिक परिस्थितियों के चलते उस समय इस मामले पर चुप रहने की बात कही है।
मारपीट और जातिसूचक शब्दों के इस्तेमाल का दावा
शिकायत में रेखा आर्य ने आरोप लगाया है कि पिछले कुछ समय से उनके पति के व्यवहार में बदलाव आया था। उन्होंने कथित तौर पर अन्य महिलाओं से संबंधों को लेकर भी आपत्ति जताई थी। मंत्री के अनुसार, इस मुद्दे पर विवाद हुआ और उनके पति ने माफी भी मांगी, लेकिन इसके बाद भी स्थिति में सुधार नहीं हुआ।
रेखा आर्य ने आरोप लगाया कि विरोध करने पर उनके साथ मारपीट और गाली-गलौज की गई तथा जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल किया गया। उन्होंने यह भी दावा किया कि उनके पति कई बार सरकारी आवास पर पहुंचे और वहां भी कथित तौर पर आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग किया।
फर्जी हस्ताक्षर कर निदेशक पद से हटाने का आरोप
मंत्री ने अपने पति पर कंपनी से जुड़े दस्तावेजों में कथित जालसाजी करने का भी आरोप लगाया है। शिकायत के मुताबिक, उनके फर्जी हस्ताक्षर कर उन्हें कंपनी के निदेशक पद से हटाया गया।
रेखा आर्य का दावा है कि उन्होंने न तो इस संबंध में कोई पत्र तैयार किया था और न ही निदेशक पद से इस्तीफा दिया था। अब इस मामले में संबंधित दस्तावेजों और हस्ताक्षरों की सत्यता की जांच अहम होगी।
ऑडियो के आधार पर हत्या की साजिश का दावा
रेखा आर्य ने अपनी शिकायत में एक ऑडियो का भी उल्लेख किया है। उनका आरोप है कि इस ऑडियो में उनके पति एक महिला से बातचीत के दौरान उन्हें जान से मारने की साजिश रचते सुनाई दे रहे हैं।
हालांकि, उपलब्ध जानकारी के आधार पर ऑडियो की प्रामाणिकता और उसमें हुई बातचीत की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस जांच में ऑडियो की सत्यता, उसकी सामग्री और कथित साजिश से जुड़े पहलुओं की पड़ताल की जाएगी।
FIR दर्ज, पुलिस जांच में जुटी
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, रेखा आर्य की शिकायत पर जालसाजी, मारपीट, जान से मारने की कथित साजिश और एससी-एसटी अधिनियम से संबंधित आरोपों के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है।फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है।





