चमोली टनल हादसा: 7 श्रमिकों की मौत, 3 लापता; राहत-बचाव अभियान जारी
चमोली। विष्णुगाड-पीपलकोटी जलविद्युत परियोजना (VPHEP) की टेल रेस टनल (TRT) में 13 अगस्त की शाम हुई दुर्भाग्यपूर्ण घटना में अब तक 7 श्रमिकों की मौत हुई है, जबकि 3 श्रमिक अभी भी लापता हैं। 12 श्रमिकों को सुरक्षित बाहर निकालकर उपचार के लिए नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। इनमें से एक घायल श्रमिक को उपचार के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है।

टीएचडीसी इंडिया लिमिटेड की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, घटना 13 अगस्त 2026 को शाम करीब 6:20 बजे TRT के फेज-II में चेनज 1440 मीटर के पास हुई। टनल में अचानक तेज आवाज के साथ बड़ी मात्रा में पानी और मलबा भर गया। घटना के समय चेनज 1230 मीटर पर टनल की कंक्रीट लाइनिंग का कार्य चल रहा था, जहां मुख्य कार्यदायी संस्था हिंदुस्तान कंस्ट्रक्शन कंपनी (HCC) द्वारा तैनात श्रमिक कार्यरत थे।
घटना की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन के समन्वय से राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर दिया गया। वर्तमान में THDC, HCC, NDRF, SDRF, CISF और जिला प्रशासन की संयुक्त टीमें लापता श्रमिकों की तलाश में जुटी हुई हैं। टनल से पानी और मलबा निकालने के साथ ही बचाव दलों की सुरक्षित आवाजाही के लिए आवश्यक संसाधन और उपकरण लगाए गए हैं।

टीएचडीसी प्रबंधन के वरिष्ठ अधिकारी, जिसमें प्रबंध निदेशक भी शामिल हैं, घटनास्थल पर मौजूद रहकर राहत एवं बचाव अभियान की निगरानी कर रहे हैं और संबंधित एजेंसियों के साथ समन्वय कर रहे हैं।

कंपनी ने कहा है कि लापता श्रमिकों की तलाश और बचाव कार्य सर्वोच्च प्राथमिकता पर है। घायल श्रमिकों के समुचित उपचार के साथ प्रभावित श्रमिकों और उनके परिवारों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने के लिए कंपनी प्रतिबद्ध है।
टीएचडीसी ने मृत श्रमिकों के परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि श्रमिकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है।

घटना के कारणों और परिस्थितियों का विस्तृत आकलन संबंधित सक्षम एजेंसियों के समन्वय से किया जाएगा। फिलहाल लापता श्रमिकों की तलाश के लिए राहत एवं बचाव अभियान लगातार जारी है।






